Chhattisgarh Raipur

यहां किताबों की जगह हाथ में नशीला पदार्थ लेकर घूम रहे हैं बच्चे

संतोष भारद्वाज @कवर्धा। जिले के बच्चे कर् रहे नशे का सेवन जिस उम्र में बच्चों को पढ़ाई का नशा होना चाहिए उस उम्र में बच्चे नशीले पदार्थो के एडिक्ट हो रहे है इसके साथ ही स्कूलों के पास पान दुकानों की संख्या भी कम नही है जिसके चलते बच्चे नशे के आदि हो रहे है।

शहर के नदी तालाब के पास नाशा करने वाले नजर तो आते ही है साथ ही अजीब जब लगता है जब कम उम्र के मासूम नशा करते नजर आ जाते है 10 से 12 की संख्या में आज कम उम्र के मासूम नशे के लिए सिलोशन का उपयोग कर् रहे है।

वही कोई इनके पास पहुच जाए तो ये भागने लगते है ऐसी स्तिथि में इन्हें कोई समझा भी नही सकता कि ये क्या कर् रहे है जाने अनजाने में ये बच्चे नशे के आदि हो चुके है जिससे इनकी तवियत तो विगड़ेगी ही साथ ही ये मानशिक रूप से भी कम जोर हो सकते है।

ऐसे मासूमो को आज नशा मुक्ति से जोड़ कर् इससे होने वाले नुकशान के बारे में बतना होगा स्कूल सहित पर वार्ड में इसकी जानकारी देने दीवाल पेंट का भी सहारा लेना चाहिए क्यो की ये बच्चे आने वाले समय के भविष्य है।

आज जिले में बहुत कम उम्र के बच्चे नशे के आदि हो रहे है शाम को व सुबहा को ऐसे स्थानों पर नजर रख कर् इन माशुमो को नशे से मुक्ति दिलाने कोई उचित पहल की आवश्यकता है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *