छत्तीसगढ़ : एक तरफ एनकाउंटर, दूसरी ओर 15 नक्सलियों ने डाले हथियार

छत्तीसगढ़ : एक तरफ एनकाउंटर, दूसरी ओर 15 नक्सलियों ने डाले हथियार

 दंतेवाड़ा: छत्तीसगढ़ सरकार और केंद्रीय सुरक्षाबल अलग-अलग नक्सल मोर्चे पर आगे बढ़ रहे है। एक तरह जहां सशस्त्र नक्सलियों को एनकाउंटर में ढेर किया जा रहा है तो दूसरी तरफ सरकार की पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर माओवादी हथियार भी डाल रहे है, आत्मसमर्पण कर रहे है।

सरकार माओवादियों के पुनर्वास और समाज के मुख्य धारा में लौटने के लिए 'लोन वर्राटू अभियान' चला रही है। इसी कड़ी में दंतेवाड़ा में 15 नक्सलियों ने पुलिस अधीक्षक के सामने आत्मसमर्पण किया है। पुलिस ने सरकार की तरफ से उन्हें तात्कालिक सहायता राशि सौंपी है। आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों के खिलाफ बस्तर समभाग के कई थानों में आपराधिक मामले दर्ज है। सभी ने समाज की मुख्यधारा में शामिल होकर जीवन यापन का संकल्प लिया है।

छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले के केरलापाल थाना क्षेत्र में शनिवार सुबह सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच बड़ी मुठभेड़ हुई। DRG (जिला रिजर्व गार्ड) और CRPF (केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल) के जवानों ने संयुक्त रूप से इस ऑपरेशन को अंजाम दिया। यह मुठभेड़ शुक्रवार रात से जारी थी, जिसमें 17 नक्सली मारे गए, मारे गये माओवादियों में 11 महिला और 6 पुरुष नक्सली शामिल है।

झीरम कांड का मास्टरमाइंड जगदीश मारा गया

मारे गए नक्सलियों में दरभा डिवीजन कमेटी का प्रमुख जगदीश भी शामिल था। झीरम कांड सहित कई बड़ी नक्सली घटनाओं में उसकी भूमिका रही थी। इसके अलावा, केरलापाल एरिया कमेटी का सचिव रोशन भी इस ऑपरेशन में मारा गया।

तीन जवान घायल, रायपुर रेफर

इस मुठभेड़ में तीन जवान घायल हो गए, जिनमें सलवम, राजेश और लीलाशंकर नाग शामिल हैं। इनमें से दो जवान बस्तर फाइटर यूनिट और एक CRPF का जवान है। घायल जवानों को MI-17 हेलीकॉप्टर से रायपुर लाया गया और RKCH अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाके में अभी भी सर्च ऑपरेशन जारी है।

गृह मंत्री अमित शाह का बयान

इस सफलता पर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने सोशल मीडिया पर लिखा, "नक्सलवाद पर एक और प्रहार! हमारी सुरक्षा एजेंसियों ने सुकमा में एक ऑपरेशन में कई नक्सलियों को मार गिराया है और बड़ी संख्या में हथियार बरामद किए हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हम 2026 तक नक्सलवाद को समाप्त करने के लिए संकल्पित हैं।" उन्होंने अपील करते हुए कहा, "हथियार और हिंसा परिवर्तन नहीं ला सकते; केवल शांति और विकास ही आगे बढ़ने का रास्ता है।"

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की प्रतिक्रिया

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने लिखा, "छत्तीसगढ़ नक्सलवाद को खत्म करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। सुरक्षाबलों ने नक्सलियों की मांद में घुसकर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। जवानों की इस बहादुरी को नमन करता हूं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के संकल्प के अनुरूप छत्तीसगढ़ 2026 तक नक्सल मुक्त होने की ओर बढ़ रहा है।"

गृहमंत्री विजय शर्मा ने की अपील

प्रदेश के उप मुख्यमंत्री और गृह मंत्री विजय शर्मा ने कहा, "हमारी सरकार एक भी गोली चलाना नहीं चाहती। पुनर्वास नीति के तहत भटके हुए लोगों से अपील है कि वे आत्मसमर्पण करें और समाज की मुख्यधारा में लौटें। सरकार उनके सुरक्षित भविष्य की गारंटी देगी।" उन्होंने आगे कहा, "गृह मंत्री अमित शाह के संकल्प के तहत मार्च 2026 तक नक्सलवाद का पूरी तरह से खात्मा किया जाएगा।"

बहरहाल सुरक्षाबलों की इस बड़ी कार्रवाई से नक्सलियों को करारा झटका लगा है। इलाके में लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है और जवानों का मनोबल ऊंचा है।

ये भी पढ़े : दुर्ग में विधवा महिला ने DSP पर लगाया रेप का आरोंप,अफसर से कैसे मिली पीड़िता? पढ़े पूरी खबर







You can share this post!


Click the button below to join us / हमसे जुड़ने के लिए नीचें दिए लिंक को क्लीक करे


Related News



Comments

  • No Comments...

Leave Comments