दंतेवाड़ा : छत्तीसगढ़ राज्य में भाजपा की सरकार आते ही फिर से खदानों को लूटने का काम चालू हो गया है । हसदेव के जंगलों के बाद अब भाजपा सरकार की नज़र बैलाडीला की पहाड़ियों पर है जिसका प्रत्यक्ष प्रमाण मिलता है एनएमडीसी की आधिकारिक वेबसाइट पर जिसपर खदान क्र 13 के लिए इन्होंने दो निविदाएं निकाली हुई है । जिला कांग्रेस कमिटी के प्रवक्ता राहुल महाजन ने कहा कि साफ तौर पर ज़ाहिर होता है कि देश - प्रदेश में भाजपा की ट्रिपल इंजन की सरकार बनते ही पूरा जोर इनका सिर्फ और सिर्फ लौह अयस्क के परिवाहनों पर ही रहेगा । जिन पहाड़ो को बस्तर के आदिवासी अपने देवी - देवताओं का घर मानते है एवं इनकी पूजा करते है उन्हें ही उजाड़ने की सरकार ने अपनी प्राथमिकता बनाई हुई है । बैलाडीला के पहाड़ो में भले ही कितनी प्रचुर मात्रा में लौह अयस्क भरा पड़ा हो पर ये सिर्फ खनिज संपदा न हो कि बल्कि हमारे आदिवासियों के आस्था का प्रतीक भी है । जिन बैलाडीला के पहाड़ो को भाजपा सरकार सिर्फ लौह भंडारण के रूप में देख रही है दरसल वो स्थानीय आदिवासीयों के लिए आजीविका का साधन है और इन्ही जंगल के संसाधनों से वो सदियों से अपनी आजीविका चलाते आ रहे है ।
बैलाडीला की पहाड़ियों में खदान क्र 13 का हमारे आदिवासी रीति रिवाज और पौराणिक कथाओं में एक खास स्थान है और इन पहाड़ो को स्थानियो द्वारा पूजा जाता है । और हमारे आदिवासियों के इन्ही आस्था का सम्मान करते हुए हमारी पूर्व की कांग्रेस सरकार ने इस खदान के खनन पर रोक लगा दिया था । जिला प्रवक्ता राहुल महाजन ने बताया कि इस पहाड़ को बचाने के लिए कई दिनों तक चले आंदोलन में साथ देते हुए स्थानीय विधायक देवती महेंद्र कर्मा जी एवं पूर्व सांसद दीपक बैज जी ने तत्परता दिखाते हुए राज्य सरकार से मांग कर इस खदानों पर रोक लगवाई थी ।
ये भी पढ़े : मुखिया के मुखारी -पक्ष -विपक्ष मस्त,छत्तीसगढ़िया पस्त है
इस खदान के संबन्ध में फर्जी ग्राम सभा का मामले ने बहुत तूल पकड़ा था जिसके बाद ग्रामीणों ने कई दिनों तक एनएमडीसी परियोजना किरन्दुल का घेराव भी किया था । जिस पर अंततः कांग्रेस की तत्कलीन सरकार में की पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल जी ने आदिवासियों का साथ देते हुए तत्काल इन फ़र्ज़ी ग्राम सभा के दस्तावेज़ों के जांच संबंधित आदेश दिए थे । इस मामले में एनएमडीसी से प्रभावित पंचायतों की समिति सर्व सरपंच संघर्ष समिति से लेकर सर्व आदिवासी समाज तक एवं कांग्रेस कमिटी की तरफ से पूर्व विधायक देवती कर्मा जी एवं तत्कालीन पूर्व सांसद दीपक बैज जी ने ग्रामीणों के साथ खड़े होकर उन्हें न्याय दिलाने के लिए एनएमडीसी परियोजना के खिलाफ बंद की मुहिम चलाई थी जिसका ।
परन्तु आज भाजपा की सरकार आते ही फिर से खदान क्र.13 का निविदा निकाल कर उस खदान से खनन करने की मंशा साफ नजर आ रही है । भाजपा कभी आदिवासी हितेषी नही हो सकती है उन्हें सिर्फ दोहन करने की राजनीति आती ही कि कैसे बस्तर की भोली भाली आदिवासीयों का शोषण किया जाए ।
.jpeg)
.jpeg)
.jpeg)

Comments