BRICS Summit: दिल्ली में मोदी-पुतिन की 45 मिनट अहम बैठक, रूस आने का न्योता मिला; जानें क्या हुई बात

Spread the love

नई दिल्ली:  राजधानी दिल्ली में 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन को लेकर गतिविधियां तेज हो गई हैं। सम्मेलन में हिस्सा लेने के लिए रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन शुक्रवार सुबह दिल्ली पहुंचे। पुतिन तीन दिवसीय भारत दौरे पर हैं। ब्रिक्स शिखर सम्मेलन का आयोजन 13 और 14 सितंबर को भारत मंडपम में किया जा रहा है।

शिखर सम्मेलन से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और राष्ट्रपति पुतिन के बीच द्विपक्षीय वार्ता हुई। दोनों नेताओं के बीच करीब 45 मिनट तक बातचीत चली। बैठक में भारत-रूस संबंधों को मजबूत करने के साथ-साथ मध्य पूर्व और काला सागर की स्थिति समेत कई अहम अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर चर्चा हुई।

एक ही कार में प्रदर्शनी स्थल पहुंचे मोदी-पुतिन

द्विपक्षीय बैठक के बाद प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति पुतिन एक ही कार में सवार होकर औद्योगिक प्रदर्शनी स्थल पहुंचे। इसके बाद दोनों नेताओं ने बिजनेस फोरम को संबोधित किया और भारत-रूस आर्थिक एवं कारोबारी सहयोग की संभावनाओं पर चर्चा की।

ब्रिक्स की बढ़ती ताकत पर पीएम मोदी का जोर

बिजनेस फोरम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने ब्रिक्स के बदलते स्वरूप और बढ़ते वैश्विक प्रभाव को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि इस वर्ष ब्रिक्स के 20 वर्ष पूरे हो रहे हैं। वर्ष 2006 में शुरू हुआ यह समूह आज 21 देशों के परिवार के रूप में विस्तारित हो चुका है।

प्रधानमंत्री ने ब्रिक्स की आर्थिक और जनसांख्यिकीय ताकत का उल्लेख करते हुए कहा कि ब्रिक्स देशों में दुनिया की करीब आधी आबादी रहती है। उन्होंने यह भी बताया कि पिछले वर्षों में जहां वैश्विक जीडीपी करीब ढाई गुना बढ़ी है, वहीं ब्रिक्स देशों की संयुक्त जीडीपी लगभग साढ़े चार गुना बढ़ी है।

भारत बना वैश्विक समाधान का केंद्र

पीएम मोदी ने कहा कि ब्रिक्स देश अब केवल आर्थिक सहयोग तक सीमित नहीं हैं, बल्कि वैश्विक नवाचार और समाधान के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में उभर रहे हैं। भारत में भी जमीनी स्तर की पहलों से लेकर अत्याधुनिक तकनीक तक नवाचार की नई संभावनाएं तेजी से आकार ले रही हैं।

ये भी पढ़े :गरियाबंद के अधूरे पुल पर CM साय सख्त, कलेक्टर को दिए निर्देश; बच्चों की सुरक्षा से समझौता नहीं, जिम्मेदारों से मांगा जाएगा जवाब

उन्होंने कहा कि ब्रिक्स का बढ़ता दायरा, इसकी गति और इससे जुड़ी उम्मीदें स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही हैं। भारत में आयोजित यह बिजनेस फोरम अब तक का सबसे बड़ा ब्रिक्स बिजनेस फोरम है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत आज वैश्विक समाधान का हब बन रहा है और ऊर्जा तथा तकनीकी क्षेत्रों में देश तेजी से आगे बढ़ रहा है।

पुतिन ने पीएम मोदी को रूस आने का दिया न्योता

बैठक के दौरान रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को 24वें भारत-रूस शिखर सम्मेलन के लिए रूस आने का निमंत्रण दिया। प्रधानमंत्री मोदी ने पुतिन के निमंत्रण को स्वीकार कर लिया है।

भारत और रूस के बीच लंबे समय से चले आ रहे रणनीतिक संबंधों के लिहाज से दोनों नेताओं की यह मुलाकात बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। द्विपक्षीय सहयोग के अलावा वैश्विक और क्षेत्रीय परिस्थितियों पर दोनों नेताओं के बीच हुई चर्चा पर भी दुनिया की नजर है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *