रायपुर : छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम (SSR-2027) के तहत मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण की प्रक्रिया तेज हो गई है। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर चल रही इस प्रक्रिया को लेकर कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. गौरव सिंह की अध्यक्षता में राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई।
कलेक्टर सभाकक्ष में हुई बैठक में जिले के मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण के लिए निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों से मिले प्रस्तावों पर विस्तार से चर्चा की गई। राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को प्रस्तावित बदलावों की जानकारी दी गई और उनसे सुझाव भी लिए गए। बैठक में मौजूद प्रतिनिधियों ने प्रस्तुत प्रस्तावों पर सहमति जताई।
मतदाताओं की सुविधा पर रहेगा जोर
मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण का उद्देश्य मतदाताओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए मतदान केंद्रों की व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित और सुगम बनाना है। इस प्रक्रिया के तहत प्राप्त प्रस्तावों पर विचार कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
बैठक में अधिकारियों ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ प्रस्तावों पर चर्चा की, ताकि निर्वाचन व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए सुझावों पर विचार किया जा सके।
2 नवंबर 2026 तक पूरी करनी है प्रक्रिया
भारत निर्वाचन आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण की प्रक्रिया 2 नवंबर 2026 तक पूरी की जानी है। यह कार्य अर्हता तिथि 1 जनवरी 2027 के संदर्भ में फोटोयुक्त निर्वाचक नामावलियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम यानी SSR-2027 का हिस्सा है।
निर्वाचन प्रक्रिया के इस चरण का उद्देश्य मतदान केंद्रों की व्यवस्था को मतदाताओं के लिए अधिक सुविधाजनक बनाना है। प्रस्तावों पर आगे की कार्रवाई निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार की जाएगी।
बैठक में अधिकारी और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि रहे मौजूद
बैठक में रायपुर नगर निगम आयुक्त संबित मिश्रा सहित निर्वाचन कार्य से जुड़े अधिकारी और विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।




