बेमेतरा, 24 फरवरी 2026:- कार्यालय कलेक्टर (खनिज शाखा), जिला बेमेतरा को वित्तीय वर्ष 2025-26 में शासन द्वारा गत वर्ष की तुलना में दुगुना राजस्व लक्ष्य निर्धारित करते हुए 450.00 लाख रुपये की प्राप्ति का लक्ष्य दिया गया था। उल्लेखनीय है कि खनिज विभाग द्वारा सतत निगरानी, प्रभावी राजस्व संग्रहण एवं सुदृढ़ प्रशासनिक नियंत्रण के माध्यम से 24 फरवरी 2026 तक ही 450.00 लाख रुपये की राजस्व प्राप्ति सुनिश्चित कर ली गई है, जो निर्धारित लक्ष्य का 100 प्रतिशत है।विभागीय अधिकारियों के अनुसार आगामी माह मार्च 2026 में भी खनिज राजस्व में अतिरिक्त वृद्धि होने की संभावना है, जिससे जिले को निर्धारित लक्ष्य से अधिक राजस्व प्राप्त होने की उम्मीद है। यह उपलब्धि जिला प्रशासन की सक्रिय कार्यप्रणाली, नियमित निरीक्षण, पारदर्शी खनिज प्रबंधन प्रणाली एवं राजस्व वसूली की सतत मॉनिटरिंग का परिणाम है।
अवैध खनन गतिविधियों पर कड़ी कार्यवाही
जिला प्रशासन द्वारा अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भण्डारण पर प्रभावी अंकुश लगाने हेतु विशेष अभियान चलाया गया। माह जनवरी एवं फरवरी 2026 के दौरान खनन क्षेत्रों एवं परिवहन मार्गों पर सघन जांच एवं संयुक्त दल द्वारा आकस्मिक निरीक्षण किए गए।
मुखिया के मुखारी - पैसा सबसे ज्यादा जरुरी है
अवैध परिवहन के 16 प्रकरण दर्ज किए गए, जिनमें कुल ₹2,57,000/- की अर्थदण्ड राशि वसूल की गई।अवैध उत्खनन के 02 प्रकरण में कुल ₹1,23,500/- की अर्थदण्ड राशि अधिरोपित कर वसूल की गई। यह समस्त कार्यवाही माइंस एंड मिनरल्स (डेवलपमेंट एंड रेगुलेशन ) एक्ट, 1957 के प्रावधानों के तहत की गई।
सतत निगरानी एवं राजस्व संवर्धन पर विशेष जोर
खनिज शाखा द्वारा जिले में संचालित खदानों की नियमित समीक्षा, ई-रॉयल्टी सत्यापन, परिवहन चालानों की जांच तथा राजस्व की ऑनलाइन मॉनिटरिंग की जा रही है। साथ ही अवैध खनन पर नियंत्रण हेतु राजस्व, पुलिस एवं परिवहन विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर संयुक्त कार्रवाई की जा रही है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि खनिज संपदा के संरक्षण एवं शासन को अधिकतम राजस्व प्राप्ति सुनिश्चित करने के लिए भविष्य में भी इसी प्रकार सख्त एवं निरंतर कार्रवाई जारी रहेगी। जिला प्रशासन बेमेतरा द्वारा खनिज संसाधनों के सुव्यवस्थित प्रबंधन एवं पारदर्शी राजस्व प्रणाली की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।
.jpeg)

Comments