(अरुण शर्मा संवाददाता) किरंदुल : एनएमडीसी के अध्यक्ष सह प्रबंध निदेशक अमिताभ मुखर्जी के बीआईओएम किरंदुल कॉम्प्लेक्स प्रवास के दौरान मेटल माइंस वर्कर्स यूनियन (इंटक) ने कर्मचारियों एवं नगरवासियों से जुड़े जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हुए 20 सूत्रीय मांग पत्र सौंपा। यूनियन के अध्यक्ष विनोद कश्यप एवं सचिव ए.के. सिंह के नेतृत्व में यह ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें लंबित समस्याओं के शीघ्र समाधान की अपेक्षा जताई गई।यूनियन ने अपने ज्ञापन में सीएमडी के नेतृत्व, संवेदनशील कार्यशैली और संगठन के प्रति उनकी प्रतिबद्धता की सराहना करते हुए विश्वास व्यक्त किया कि उनके मार्गदर्शन में कर्मचारियों की समस्याओं का त्वरित और न्यायसंगत समाधान होगा। यूनियन ने यह भी रेखांकित किया कि प्रबंधन और कर्मचारियों के बीच मजबूत तालमेल ही संगठन की प्रगति का आधार है।
ये भी पढ़े :मुखिया के मुखारी - पैसा सबसे ज्यादा जरुरी है
ऐतिहासिक उपलब्धि पर जताई खुशी
इस अवसर पर यूनियन ने एनएमडीसी द्वारा 53 मिलियन टन लौह अयस्क उत्पादन के ऐतिहासिक लक्ष्य को प्राप्त करने पर प्रबंधन एवं सभी कर्मचारियों को बधाई दी। इसे संगठन के सामूहिक परिश्रम, अनुशासन और प्रभावी नेतृत्व का परिणाम बताया गया।
इन प्रमुख मांगों पर दिया गया जोर
यूनियन ने कर्मचारियों, ठेका श्रमिकों एवं सुरक्षा प्रहरियों से संबंधित कई महत्वपूर्ण मांगों को प्रमुखता से रखा, जिनमें—
4 वर्षों से लंबित वेज रिवीजन को शीघ्र लागू करना
विभिन्न श्रेणियों में नियमित भर्ती प्रक्रिया शुरू करना
ठेका श्रमिकों को ESIC, आवास एवं मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना
53 मिलियन टन उपलब्धि पर प्रोत्साहन राशि देना
वर्ष 2022 के लंबित एरियर्स का भुगतान
यात्रा भत्ता (TA) में महंगाई के अनुरूप वृद्धि
किरंदुल से रायपुर, दुर्ग एवं बिलासपुर के लिए बस सुविधा शुरू करना
परियोजना अस्पताल में डायलिसिस व MRI जैसी उन्नत चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराना
लंबित विकास कार्यों, ओवरब्रिज सहित, को शीघ्र पूर्ण करना
इसके अलावा यूनियन ने स्थानांतरण नीति में सुधार, कर्मचारियों को नई तकनीकों का प्रशिक्षण, सेवानिवृत्त कर्मचारियों के लिए पहचान पत्र, पर्यावरण संरक्षण हेतु इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा तथा पाढ़ापुर मुक्ति धाम के जीर्णोद्धार जैसे जनहित के मुद्दे भी उठाए।
सकारात्मक समाधान की जताई उम्मीद
यूनियन ने संतुलित और सकारात्मक दृष्टिकोण अपनाते हुए कहा कि कर्मचारियों की निष्ठा और समर्पण ही संगठन की सबसे बड़ी पूंजी है। ऐसे में उनके हितों का संरक्षण आवश्यक है, जिससे एनएमडीसी निरंतर प्रगति की नई ऊंचाइयों को छूता रहे।
अंत में यूनियन ने प्रबंधन से सभी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक और प्राथमिकता के आधार पर विचार कर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की, ताकि कर्मचारियों का मनोबल और विश्वास और अधिक मजबूत हो सके।


Comments