सक्ती : जिले में स्वास्थ्य सेवाओं और राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर कलेक्टर जयश्री जैन ने स्वास्थ्य विभाग की विभागीय समीक्षा बैठक ली। कलेक्ट्रेट कार्यालय में आयोजित बैठक में विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति और प्रमुख संकेतकों की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान कलेक्टर ने कम उपलब्धि वाले स्वास्थ्य संकेतकों में सुधार लाने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से निर्धारित लक्ष्यों को समय-सीमा के भीतर पूरा करने और मैदानी स्तर पर योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान देने को कहा।
मातृ-शिशु स्वास्थ्य से लेकर टीबी तक की समीक्षा
समीक्षा बैठक में जिले में संचालित विभिन्न राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रगति पर चर्चा हुई। इसमें मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, गैर-संचारी रोग (एनसीडी), एचएमआईएस एवं जननी पोर्टल, पीएमएसएमए, टीबी, कुष्ठ रोग, सेवा संकल्प अभियान सहित अन्य कार्यक्रम शामिल रहे।
कलेक्टर ने प्रत्येक कार्यक्रम के प्रमुख इंडिकेटर्स की स्थिति की समीक्षा करते हुए जहां प्रगति अपेक्षा के अनुरूप नहीं है, वहां आवश्यक सुधार की कार्ययोजना के साथ काम करने के निर्देश दिए।
लंबित ऑनलाइन एंट्री समय पर पूरी करने के निर्देश
कलेक्टर जयश्री जैन ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को लंबित ऑनलाइन प्रविष्टियों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा करने को कहा। उन्होंने स्वास्थ्य कार्यक्रमों की नियमित, सटीक और समयबद्ध रिपोर्टिंग सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
उन्होंने कहा कि योजनाओं का लाभ वास्तविक हितग्राहियों तक पहुंचाने के लिए केवल कागजी प्रगति पर्याप्त नहीं है, बल्कि मैदानी स्तर पर भी इनके प्रभावी क्रियान्वयन और सतत निगरानी की आवश्यकता है।
मौसमी बीमारियों को लेकर स्वास्थ्य विभाग को अलर्ट
आगामी मौसम को देखते हुए बैठक में मौसमी बीमारियों की रोकथाम और नियंत्रण की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिले में आवश्यक दवाइयों, जांच सुविधाओं और अन्य जरूरी स्वास्थ्य संसाधनों की पर्याप्त उपलब्धता पहले से सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों में व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी करने तथा किसी भी स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां समय रहते पूरी रखने को कहा।
निर्धारित लक्ष्यों की समयबद्ध पूर्ति पर जोर
कलेक्टर ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की नियमित निगरानी की जाए और निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाए। उन्होंने कम प्रगति वाले क्षेत्रों की पहचान कर वहां विशेष प्रयास करने पर जोर दिया।
बैठक में ओआईसी हेल्थ एवं डिप्टी कलेक्टर प्रितेश राजपूत, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, सिविल सर्जन सह अस्पताल अधीक्षक, समस्त नोडल अधिकारी, बीएमओ, बीपीएम, बीईटीओ, डीडीएम एवं बीडीएम उपस्थित रहे।




