मुखिया के मुखारी – गाजा के रुदाली,बंगाल हिंसा पर क्यों मौन हैं?
मुखिया के मुखारी – गाजा के रुदाली,बंगाल हिंसा पर क्यों मौन हैं?
मोर गांव अउ तोर सहर के खबर, छत्तीसगढ़ के हर गढ़ के खबर
मुखिया के मुखारी – गाजा के रुदाली,बंगाल हिंसा पर क्यों मौन हैं?
मुखिया के मुखारी –गोडसे और उस जैसे हत्यारे हैं,तों फिर औरंगजेब क्या ?
मुखिया के मुखारी – उठों लाल —-पानी लाई हूँ—–भ्रष्टाचार से सने मेरे तन को धो दों
मुखिया के मुखारी – जिसकी मांग भरी उसका ही मान रख लेते…
मुखिया के मुखारी – पुलिसवालों के सम्मान में पूरा छत्तीसगढ़ मैदान में
मुखिया के मुखारी – पब्लिक है ,पब्लिक सब जानती है…
मुखिया के मुखारी – सुशासन का दावा सिर्फ दिखावा ही दिखावा है
मुखिया के मुखारी – गौशालाओं से दुर्गध यदुवंशियों कों नहीं कसाईयों कों आती है
मुखिया के मुखारी – न्याय के लिए नैतिकता विहीन तनातनी क्यों ?
मुखिया के मुखारी – पूर्व भाग्य विधाताओं के कुकर्मों ने बिगाड़ा छत्तीसगढ़ का भाग्य