नई दिल्ली : संसद के मानसून सत्र के नौवें दिन गुरुवार को भी लोकसभा और राज्यसभा में जमकर हंगामा देखने को मिला। दिल्ली में प्रदर्शनकारी छात्रों पर कथित लाठीचार्ज और राम मंदिर चंदा चोरी के मुद्दे को लेकर विपक्षी दलों ने संसद परिसर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। वहीं, लोकसभा में विपक्षी सांसदों की नारेबाजी के कारण सदन की कार्यवाही दोपहर 2 बजे तक स्थगित करनी पड़ी।
दोपहर 3 बजे केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने Public Examinations (Prevention of Unfair Means) Amendment Bill, 2026 राज्यसभा में पेश किया। सरकार ने इस विधेयक पर चर्चा के लिए 7 घंटे का समय निर्धारित किया है और जल्द से जल्द इसे दोनों सदनों से पारित कर कानून बनाने की तैयारी में है।
इससे पहले लोकसभा में इस विधेयक को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई थी। विपक्ष ने छात्रों के मुद्दे और कथित पुलिस कार्रवाई को लेकर सरकार को घेरा, जबकि सत्ता पक्ष ने विपक्ष के आरोपों का जवाब दिया। बहस के दौरान कई बार नारेबाजी हुई, जिससे सदन की कार्यवाही बाधित रही।
नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि सड़कों पर उतरने वाले छात्र देश का भविष्य हैं और उनके विरोध को गुस्सा या हिंसा नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक अभिव्यक्ति के रूप में देखा जाना चाहिए। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से छात्रों की भावनाओं का सम्मान करने की अपील की।
राहुल गांधी के संबोधन के दौरान सत्ता पक्ष के सदस्यों ने कई बार विरोध जताया। हालांकि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने हस्तक्षेप करते हुए राहुल गांधी से अपना भाषण जारी रखने का आग्रह किया और सत्ता पक्ष के सांसदों से बीच में व्यवधान नहीं डालने की अपील की। इसके बावजूद दोनों पक्षों के बीच नोकझोंक जारी रही।
चर्चा पूरी होने के बाद केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने सरकार की ओर से जवाब दिया और लोकसभा ने एंटी पेपर लीक संशोधन विधेयक को ध्वनिमत से पारित कर दिया। अब इस विधेयक पर राज्यसभा में विस्तृत चर्चा जारी है।

